नई दिल्ली (एडीएनए)। अपने करियार की आखिरी की आखिरी उड़ान को यादगार बनाने के लिए एक पायलट ने 200 यात्रियों की जान खतरे में डाल दी। कभी अपनी छत से विमान देखकर पायलट बनने का सपना देखने वाल पायलट अपने पैतृक गांव के ऊपर यात्रियों से भरा विमान इतना नीचे ले आया की यात्रिय़ों ही नहीं पूरे गांव की सांसें अटक गईं।
दरअसल 40 साल आसमान नापने वाला पायलट अपनी विदाई को ऐतिहासिक बनाना चाहता था। जो सख्स कभी अपनी छत से विमान देखकर खुश होता था वह अपने गांव वालों को करीब से विमान दिखाना चाहता था। उसने यात्रियों से भरे भारीभरकम विमान से फ्लाई स्टंट किया। फ्रैंकफर्ट से आइसलैंड की उड़ान भरने वाला पायलट 200 टन भारी विमान को बेहद नीचे ले आया, विमान पहाड़ों और पेड़ों को लगभग छू कर निकला। विमान की तेज आवाज और घरों की खिड़कियों के कांपने से गांव के लोग कांप गए।
भारीभरकम विमान को बेहद नीचे देख लोगों ने समझा उसमें कोई खराबी आयी है और लोग इधर-उधर भागने लगे, लेकिन यह कोई क्रैश लैंडिंग नहीं थी। विमान की नियम विरुद्ध लो फ्लाइंग और यात्रियों की जान खतरे में डालने वाले पायलट के खिलाफ एयरलाइंस ने मुकदमा दर्ज कराया है। पायलट ने कहा वह अपनी अंतिम फ्लाइट को यादगार बनाना चाहता था और 40 के अनुभव से उसको पता था कि इसमें कोई खतरा नहीं है।